Visionary Youth India (NGO) ने खाटू श्याम मंदिर के गर्भगृह में दान किया AC

भीषण गर्मी के इस मौसम में Visionary Youth India (NGO) ने एक अत्यंत सराहनीय कार्य करते हुए राजस्थान के रींगस स्थित प्राचीन खाटू श्याम मंदिर के गर्भगृह में एयर कंडीशनर (AC) का दान किया है। मई की तपती धूप और झुलसाती लू में यह सुविधा भक्तजनों के लिए किसी वरदान से कम नहीं है। लाखों श्रद्धालुओं को अब गर्भगृह में दर्शन करते समय राहत की ठंडी सांस मिल रही है। Visionary Youth India के सदस्यों ने यह सेवा कार्य पूरी एकजुटता और सेवाभाव के साथ किया, जिसका उद्देश्य केवल सुविधा देना नहीं, बल्कि समाज सेवा के प्रति समर्पण का परिचय देना था।
Visionary youth India (NGO)
Visionary youth India (NGO)

दानदाताओं और सहयोगकर्ताओं की भूमिका सराहनीय

इस पुनीत कार्य में NGO के सदस्यों के साथ-साथ कई दानदाताओं और सहयोगियों ने भी सक्रिय भूमिका निभाई।
मुख्य दानदाता रहे:

  • श्री किरण रामकृष्ण पाटिल

  • अविनाश जायसवाल

  • अनुराग दुबे
    साथ ही अन्य सहयोगियों ने भी तन, मन और धन से सहयोग कर इस कार्य को सफल बनाया।


Visionary Youth India: सेवाभाव और नेतृत्व का प्रतीक

Visionary Youth India (NGO) एक ऐसा समूह है जो निरंतर सामाजिक कार्यों में सक्रिय रहता है। संस्था के पदाधिकारियों का परिचय इस प्रकार है:

  • अध्यक्ष: अर्जुन गुप्ता जी

  • उपाध्यक्ष: प्रशांत दुबे जी, मनय सिंह जी

  • कोषाध्यक्ष: सचिन प्रजापति जी

  • सचिव: कृष्ण बिंद जी

  • उपकोषाध्यक्ष: शुभम विश्वकर्मा जी

  • उपसचिव: आयुष शर्मा जी

अन्य सक्रिय पदाधिकारी:
सोनू राज, अभय तिवारी, प्रदीप गुप्ता (उर्फ़ मोनू), आकाश गुप्ता, विवेक गुप्ता


धार्मिक यात्रा और देशभक्ति का संगम

AC दान करने के पश्चात, NGO के सभी सदस्य खाटू श्याम बाबा, सालासर बालाजी मंदिर तथा सवारियां सेठ मंदिर के दर्शन हेतु एक साथ रवाना हुए। वहां उन्होंने भारत-पाक युद्ध में भारत की विजय हेतु देश की सुरक्षा और समृद्धि की कामना की और सामूहिक रूप से आशीर्वाद प्राप्त किया।


एक प्रेरणादायक उदाहरण

यह पहल न केवल श्रद्धालुओं को गर्मी से राहत देने वाली रही, बल्कि यह सामाजिक एकता, सेवाभाव और युवाओं के नेतृत्व का एक प्रेरणास्पद उदाहरण भी बन गई है। Visionary Youth India ने दिखा दिया कि आज का युवा यदि चाहे, तो समाज में सकारात्मक बदलाव ला सकता है।


Visionary Youth India (NGO) द्वारा किया गया यह कार्य एक उदाहरण है कि जब युवा संगठित होकर समाज सेवा में लगते हैं, तो असंभव भी संभव हो जाता है। खाटू श्याम मंदिर के गर्भगृह में AC लगवाकर इन्होंने न सिर्फ सेवा की, बल्कि एक ऐसी मिसाल पेश की, जिससे आने वाली पीढ़ियाँ प्रेरणा ले सकें।

Share This Article
You Might Read: एक रुपये के सिक्के की लागत क्या वाकई एक रुपये से ज़्यादा होती है? जानिए चौंकाने वाला सच!

Leave a Comment